Iran: मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष के बीच ईरान ने संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और जॉर्डन में मौजूद अमेरिकी निर्मित रडार सिस्टम को निशाना बनाया है। नई सैटेलाइट तस्वीरों से यह सामने आया है कि जॉर्डन में तैनात एक THAAD मिसाइल बैटरी का रडार सिस्टम हमले में तबाह हो गया।
रिपोर्ट्स के अनुसार, ईरान ने मिसाइल और ड्रोन का पता लगाने वाले इन हाई-टेक रडार सिस्टम को निशाना बनाकर क्षेत्र की एयर डिफेंस क्षमता को कमजोर करने की कोशिश की। अरब प्रायद्वीप के मिलिट्री बेस से मिली सैटेलाइट तस्वीरों में जॉर्डन के मुवफ्फाक साल्टी एयर बेस पर तैनात रडार सिस्टम को भारी नुकसान साफ दिखाई दे रहा है।
Iran: नष्ट हुआ रडार सिस्टम
फिलहाल नुकसान का सही अनुमान नहीं लगाया जा सका है। हालांकि CNN की रिपोर्ट के अनुसार, संयुक्त अरब अमीरात में भी दो स्थानों पर ऐसे रडार सिस्टम वाली इमारतों को निशाना बनाया गया था।
जानें रडार सिस्टम की अहमियत
रडार किसी भी हाई-एंड मिसाइल इंटरसेप्टर सिस्टम का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा होता है। यह दुश्मन की बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन को हवा में ही ट्रैक कर लेता है और उनकी दिशा का पता लगाता है, ताकि एयर डिफेंस सिस्टम उन्हें लक्ष्य तक पहुंचने से पहले ही नष्ट कर सके।
जानकारी के अनुसार, दुनिया में कुल आठ THAAD मिसाइल बैटरियां तैनात हैं। इनमें से संयुक्त अरब अमीरात दो और सऊदी अरब एक THAAD बैटरी संचालित करता है। जॉर्डन में तैनात यह सिस्टम ईरान से करीब 500 मील से अधिक दूरी पर स्थित मुवफ्फाक साल्टी एयर बेस पर लगाया गया था।