India: भारत के राजदूत विक्रम दोरईस्वामी ने होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों पर हुए हमलों की कड़ी निंदा करते हुए कहा है कि ऐसे कृत्य किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत समुद्री सुरक्षा, नौवहन की स्वतंत्रता और वैश्विक व्यापार एवं ऊर्जा आपूर्ति श्रृंखला की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
लंदन में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय मैरिटाइम संगठन परिषद के 36वें असाधारण सत्र को संबोधित करते हुए दोरईस्वामी ने क्षेत्र में बिगड़ती स्थिति पर गहरी चिंता जताई।
India: नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता
इन हमलों में निर्दोष लोगों की जान गई है और कई लोग घायल हुए हैं, जिससे जोखिम और बढ़ गया है। इस दौरान संयम बरतना तथा नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देना ज़रूरी है।
उन्होंने आगे कहा कि वाणिज्यिक जहाजों और नागरिक समुद्री ढांचे को निशाना बनाना पूरी तरह अस्वीकार्य है। भारत लगातार कूटनीति और संवाद के ज़रिए तनाव कम करने की अपील करता रहा है।
समुद्री सुरक्षा गलियारा
अंतरराष्ट्रीय सहयोग बढ़ाने की अपील की गई है। परिषद ने समुद्री सुरक्षा गलियारा बनाने के प्रस्ताव को भी आगे बढ़ाया है।
इस बीच IMO परिषद ने भी व्यापारी जहाजों के खिलाफ ईरान की धमकियों और हमलों की निंदा की है और खाड़ी क्षेत्र में जहाजों की सुरक्षा के लिए कदम उठाने पर ज़ोर दिया है, जिससे उच्च जोखिम वाले क्षेत्रों से गुजरने वाले जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित की जा सके।
भारत और चीन के संबंध
विक्रम दोरईस्वामी को चीन में भारत का नया राजदूत नियुक्त किया गया है। वे जल्द ही अपना कार्यभार संभालेंगे। यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब पूर्वी लद्दाख में लंबे समय तक चले सैन्य गतिरोध के बाद भारत और चीन के संबंधों को सामान्य करने की कोशिशें जारी हैं।
भारतीय उच्चायुक्त ने यह भी बताया कि भारत वैश्विक स्तर पर नाविकों की आपूर्ति करने वाले शीर्ष तीन देशों में शामिल है और दुनिया के कुल नाविकों में लगभग 13 प्रतिशत भारतीय हैं। ऐसे में भारत को सभी नाविकों की सुरक्षा और कल्याण की गहरी चिंता है।